गांव उस्मान खेड़ा में मलेरिया जागरूकता कैंप लगाया

गांव उस्मान खेड़ा में मलेरिया जागरूकता कैंप लगाया

फाजिल्का, 19 जून()| सिविल सर्जन फाजिल्का डॉ. राज कुमार के दिशा-निर्देशानुसार तथा जिला महामारी अधिकारी फाजिल्का डॉ. सुनीता व सीनियर मेडिकल अधिकारी खुई खेड़ा डॉ. विकास गांधी के कुशल नेतृत्व में आज गांव उस्मान खेड़ा में मलेरिया जागरूकता कैंप लगाया गया। इस कैंप में स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी मनोहर लाल ने मलेरिया बुखार के कारण, लक्षण व सावधानियों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने बताया कि मलेरिया बुखार मादा एनाफिलीज मच्छर के काटने से होता है। मलेरिया बुखार फैलाने वाला मच्छर ठहरे हुए पानी में पनपता है। इसके होने पर ठंड व कंपकंपी के साथ बुखार चढ़ता है और थकान महसूस होती है। सिर में दर्द होता है। तथा बुखार उतरने के बाद पूरा शरीर पसीने से तर हो जाता है। उन्होंने कहा कि घरों के आसपास पानी खड़ा न होने दें। जहां पानी खड़ा हो, वहां मिट्टी डाल दें। नालियों में जला हुआ तेल डाल दें। इसके अलावा, इस्तेमाल किए गए कूलर और खाली कंटेनर, गमले, टायर आदि में पानी न जमा होने दें। रात को सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें। पूरी बाजू के कपड़े पहनें। बुखार होने पर नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर खून की जांच करवाएं।

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