विधानसभा द्वारा महिलाओं, विशेषकर दलित महिलाओं के बारे में अपमानजनक टिप्पणी करने पर विधायक खैहरा के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित
चंडीगढ़, 10 मार्च:
पंजाब विधानसभा में कांग्रेस पार्टी के विधायक सुखपाल सिंह खैहरा द्वारा सोशल मीडिया पर की गई एक पोस्ट को लेकर आज कड़ी निंदा की गई। पोस्ट में उन्होंने लिखा था कि “एक हजार रुपये के पीछे गिद्धा डालने वाली औरतों से कहाँ से पैदा होंगे सूरमे।” इस टिप्पणी को महिलाओं, विशेषकर दलित महिलाओं के प्रति अपमानजनक बताते हुए विधानसभा में निंदा प्रस्ताव पेश किया गया।
इस प्रस्ताव में कहा गया कि उक्त पोस्ट सीधे तौर पर महिलाओं और खासकर दलित महिलाओं का अपमान है। इसके साथ ही यह पवित्र सदन की गरिमा को भी ठेस पहुँचाने वाली है। इसलिए सदन ने सर्वसम्मति से स सुखपाल सिंह खैहरा द्वारा महिलाओं और दलित महिलाओं के प्रति की गई टिप्पणियों तथा सदन के अपमान की घोर निंदा की।
सबसे पहले वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने इस संवेदनशील मामले को स्पीकर के ध्यान में लाया और खैहरा को सार्वजनिक जीवन में मर्यादा बनाए रखने की नसीहत दी।
सदन द्वारा पारित इस प्रस्ताव को कैबिनेट मंत्रियों अमन अरोड़ा , लाल चंद काटरुचक्क, हरभजन सिंह ईटीओ और तरुनप्रीत सिंह सौंद के अलावा लगभग सभी महिला विधायकों का समर्थन मिला। इनमें प्रमुख रूप से इंदरजीत कौर मान, डॉ . अमनदीप कौर , अनमोल गगन मान , नरिंदर कौर भराज और जीवनजोत कौर शामिल रहीं।
प्रस्ताव में कहा गया कि सोशल मीडिया पर की गई ऐसी टिप्पणियाँ महिलाओं की गरिमा के खिलाफ हैं और पूरी तरह अस्वीकार्य हैं। यह न केवल सभी महिलाओं, विशेषकर दलित समुदाय की महिलाओं का अपमान है, बल्कि विधानसभा की मर्यादा का भी उल्लंघन है।
प्रस्ताव में आगे कहा गया कि पंजाब की धरती पर जन्मे बहादुर बेटे और शहीद अपनी माताओं द्वारा दिए गए साहस, बलिदान और मूल्यों से प्रेरित होते हैं। माँ की कोख की महानता को पैसों से कभी नहीं आँका जा सकता। हर माँ सम्मान की हकदार है और किसी को भी उनकी गरिमा पर सवाल उठाने का अधिकार नहीं है।
अंत में प्रस्ताव में सुखपाल सिंह खैहरा की टिप्पणियों की कड़ी निंदा करते हुए उनसे सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की गई।


