पंजाब निवेशक सम्मेलन 2026—अस्पताल और स्वास्थ्य देखभाल: स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने समावेशी स्वास्थ्य देखभाल सुनिश्चित करने के लिए निजी अस्पतालों से न्यूनतम 20 प्रतिशत बेड रखने का आह्वान किया
चंडीगढ़/मोहाली, 14 मार्च:
स्वास्थ्य को मौलिक अधिकार बताते हुए और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की सोच के अनुसार सभी के लिए गुणवत्ता पूर्ण स्वास्थ्य देखभाल सुलभ बनाने की आवश्यकता पर जोर देते हुए, पंजाब स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने निजी अस्पतालों से सरकारी योजनाओं के तहत मरीजों के लिए किफायती स्वास्थ्य देखभाल सुनिश्चित करने के लिए न्यूनतम 20 प्रतिशत बेड रखने का आह्वान किया।
प्रगतिशील पंजाब निवेशक सम्मेलन 2026 के दूसरे दिन अस्पताल और स्वास्थ्य सेवाओं पर हुए सत्र को संबोधित करते हुए, स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सरकार और कॉर्पोरेट क्षेत्र के स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं के बीच मजबूत सहयोग, समान और निष्पक्ष आधार पर स्वास्थ्य सेवाओं को सुनिश्चित करने के लिए अत्यंत आवश्यक है।
डॉ. बलबीर सिंह ने आम आदमी क्लीनिकों के विस्तार के माध्यम से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य देखभाल उपलब्धता में असमानताओं को कम करने के लिए राज्य सरकार के प्रयासों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा, “पंजाब सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में 565 और शहरी क्षेत्रों में 318 क्लीनिक स्थापित किए हैं। ये विशेष रूप से उन सुविधाओं के लिए पिछड़े क्षेत्रों में स्थापित किए गए हैं। हमारा उद्देश्य राज्य के दूर-दराज़ क्षेत्रों को विश्व स्तरीय स्वास्थ्य देखभाल सुविधाएं प्रदान करना है।”
कॉर्पोरेट अस्पतालों को मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना के उद्देश्यों में योगदान देने का आमंत्रण देते हुए, डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि "निजी अस्पतालों में न्यूनतम 20 प्रतिशत बेड उन मरीजों के लिए रखे जाने चाहिए जो इलाज का खर्च वहन नहीं कर सकते। ये सेवाएं हमेशा मुफ्त होने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि अस्पताल सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं के माध्यम से प्रतिपूर्ति प्राप्त कर सकते हैं, यह सुनिश्चित करते हुए कि जरूरतमंदों की मदद करते हुए उन्हें कोई नुकसान न हो।"
स्वास्थ्य क्षेत्र में अवसर तलाशने के लिए निवेशकों को आमंत्रित करते हुए, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, श्री कुमार राहुल ने कहा कि पंजाब स्वास्थ्य देखभाल निवेशों के लिए एक अनुकूल वातावरण प्रदान करता है, जिसमें सरकार जमीन, नीति सहायता, प्रोत्साहन और त्वरित अनुमोदन उपलब्ध कर रही है।
इस सत्र में डायरेक्टर होमी भाभा डॉ. आशीष गुलिया, सी.ई.ओ. लीवासा अस्पताल अनुराग यादव, मेडिकल डायरेक्टर फोर्टिस हेल्थकेयर डॉ. विक्रमजीत सिंह धालीवाल और अपोलो अस्पताल नई दिल्ली के सीनियर इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट प्रोफेसर डॉ. विवेक गुप्ता समेत प्रमुख पैनलिस्ट शामिल थे। इस सत्र का संचालन के.पी.एम.जी. से संदीप झा द्वारा किया गया।


