1962, 1965 और 1971 की जंगों में शहीद सैनिकों के परिवारों को मुआवज़ा देने संबंधी मोहिंदर भगत ने अधिकारियों के साथ विशेष बैठक की
चंडीगढ़, 16 मार्च:
पंजाब के रक्षा सेवाएं कल्याण, स्वतंत्रता सेनानी और बागवानी मंत्री मोहिंदर भगत ने आज 1962, 1965 और 1971 की जंगों में शहीद हुए सैनिकों के उन परिवारों को मुआवज़ा राशि जारी करने संबंधी, जो अभी तक इससे वंचित रह गए हैं, संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक विशेष बैठक की।
बैठक के दौरान अधिकारियों ने मंत्री को बताया कि इन जंगों में शहीद हुए अधिकांश सैनिकों के परिवारों को पंजाब सरकार की ओर से पहले ही मुआवज़ा जमीन और नकद राशि के रूप में दिया जा चुका है। इसके अलावा शेष बचे मामलों और उनकी वर्तमान स्थिति के बारे में भी विस्तृत जानकारी दी गई।
इस अवसर पर मंत्री मोहिंदर भगत ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पूर्व सैनिकों और शहीद सैनिकों के परिवारों से संबंधित सभी मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए, ताकि पात्र परिवारों को जल्द से जल्द मुआवज़ा राशि मिल सके।
उन्होंने कहा कि देश की रक्षा करते हुए अपनी जान न्योछावर करने वाले बहादुर सैनिकों के प्रति पंजाब सरकार पूर्ण सम्मान और श्रद्धा रखती है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार पूर्व सैनिकों और शहीद सैनिकों के परिवारों के कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और उनकी हर संभव सहायता के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
बैठक में रक्षा सेवाएं कल्याण विभाग के संयुक्त सचिव अमरिंदर सिंह टिवाणा, निदेशक रक्षा सेवाएं कल्याण भूपिंदर सिंह ढिल्लों (सेवानिवृत्त), कमांडर बलजिंदर विर्क (सेवानिवृत्त), राजस्व विभाग से अधीन सचिव परविंदर कौर पाल तथा लीगल रिमेम्ब्रेंसर विभाग से संयुक्त एल.आर. उदयपाल सिंह हुंदल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।


